(बदनाम खबरची) गडकरी का कमाल,देश में फैला सड़कों का जाल।

गडकरी का कमाल,देश में फैला सड़कों का जाल।


पीडब्ल्यूडी बन्द करके केंद्रीय सड़क निगम बनाने की महती आवश्यकता।


सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सोमवार को कहा कि दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे छह माह के भीतर तैयार हो जाएगा,अवसर था,डासना से हापुड़ तक नवनिर्मित एक्सप्रेसवे के लोकार्पण का,उन्होंने कहा कि अब दिल्ली-मेरठ के बीच जाम की समस्या से निजात मिलने के साथ ही ईंधन की बचत भी होंगी।
यह क्षेत्र में समृद्धि लाएगा और एनसीआर क्षेत्र को जाममुक्त बनाने में मदद करेगा,श्री गड़करी ने
कहा कि दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र को जाम मुक्त बनाने के लिए 60,000 करोड़ रुपये की परियोजनाओं पर काम जारी है। दिल्ली से मेरठ को जोड़ने वाले 82 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे के दिल्ली से उत्तर प्रदेश सीमा तक के पहले खंड को पहले ही जनता के लिए खोला जा चुका है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 27 मई 2018 को इसे राष्ट्र को समर्पित किया था।
राजमार्गों के मामले में हमारा देश हमेशा से पिछड़ा रहा है बड़े शहरों की बात छोड़ दें तो छोटे कस्बों तक पहुँचना मुहाल था टूटी फूटी सिंगल सड़कें ऊपर से जाम की भयंकर स्थिति कुल मिलाकर भारतीय सड़कें बड़ी दयनीय स्थिति में थी मुझे आज भी याद है अपने ननिहाल जेवर के लिए जाने वाले खस्ताहाल मार्ग का कुल 42 किलोमीटर की दूरी वाला सिकंदराबाद- जेवर मार्ग अपनी दुर्दशा पर आंसू बहाने के लिए मजबूर था 42 किलोमीटर की दूरी किसी भी कीमत पर तीन घंटे से पहले पूरी नहीं होती थी, आज ताज एक्सप्रेसवे बनने पर पर वही दूरी कुल 30 से 35 मिनट में पूरी हो जाती है यह एक उदाहरण मात्र था कस्बा और शहरों की स्थिति इसी प्रकार काफी खराब थी, गाजियाबाद से लेकर अलीगढ़ जाना एक जंग लड़ने के समान था, आज सरकार ने इस राजमार्ग का पुनः निर्माण कर एक नई जिंदगी दे दी है,भाजपा नीत सरकार के काबिल और ऊर्जावान मन्त्री श्री नितिन गडकरी ने जबसे राजमार्ग मन्त्रालय सम्भाला है,मानो पूरे देश की सड़कों की काया पलट करके रख दी है, ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेसवे दिल्ली के आसपास सबसे बड़ी रिंग रोड बन गया है, इस एक्सप्रेसवे के निर्माण से दिल्ली को भारी भरकम ट्रैफिक से निजात मिली,यह 135 किमी  लंबा है, छह लेन एक्सप्रेसवे हरियाणा और उत्तर प्रदेश से गुज़र रहा है,एक्सप्रेसवे कुंडली, सोनीपत, से उत्तर प्रदेश के बागपत, गाजियाबाद और नोएडा जिलों और हरियाणा के फरीदाबाद जिले से गुजरने से पहले पलवल के पास वेस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे चंडीगढ़ जैसे जाम वाले रास्तों को सुगमता मिल गई,यह एक्सप्रेसवे उत्तर प्रदेश के कई छोटे शहरों को भी जोड़े हुए है,इसी प्रकार यूपी गेट से हापुड़ और मेरठ एक्सप्रेसवे ने न केवल दूरियों को घटाया बल्कि मेरठ की दूरी भी 15 किमी कम होगी,ताज एक्सप्रेसवे ने दिल्ली आगरा सफ़र को विश्वस्तरीय आयाम दिये, इसी कारण आगरा लखनऊ एक्सप्रेसवे को देख कर विदेशी सैलानी भी हैरान रह जाते है, और भारत की तकनीकी क्षमताओ के कायल हो जाते है,सड़क परिवहन मंत्री श्री नितिन गडकरी के नेतृत्व में भारत की परिवहन व्यवस्था निश्चित रूप से विश्वस्तरीय हुई है, जिससे न केवल यातायात सुगम होगा बल्कि ईंधन की बचत होगी व विकास के रास्ते भी खुलेंगे,अब केंद्रीय मंत्री महोदय को चाहिए कि वह पूरे देश की सड़कों के लिए एक अलग से केंद्रीय निगम बना कर दूर दराज के क्षेत्रों की छोटी छोटी सड़कों, सम्पर्क मार्गों पर भी थोड़ा ध्यान दे,आज भी यदि पंजाब,हरियाणा व कुछ अन्य राज्यों को छोड़ कर देश के कई राज्यों की आंतरिक सड़कों का बुरा हाल है, ख़ास तौर से बिहार की स्थानीय सड़कों की दयनीय हालत पर लिखने के लिए शब्द नहीं है। देश के अधिकांश राज्यों के निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) लालफीताशाही के शिकार हो चुके है, जिन्हें अब बन्द करके केंद्रीय सड़क निगम जैसे किसी निगम अथवा मंत्रालय में समायोजित किये जाने की महती आवश्यकता है।